
लुधियाना, पंजाब
श्रेयांश का चेहरा अभी भी एक तरफ झुका हुआ था और कथा का गुस्सा शांत नहीं हुआ था। इतने दिनों से जो भरा पड़ा था वो फूटने को तैयार था, और ऊपर से विवान की जॉब जाना, वो तो मान लो बहुत ही बड़ा ट्रिगर था उसके लिए।


लुधियाना, पंजाब
श्रेयांश का चेहरा अभी भी एक तरफ झुका हुआ था और कथा का गुस्सा शांत नहीं हुआ था। इतने दिनों से जो भरा पड़ा था वो फूटने को तैयार था, और ऊपर से विवान की जॉब जाना, वो तो मान लो बहुत ही बड़ा ट्रिगर था उसके लिए।

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